आतंकवाद के मुकदमा मे जितने भी नौजवान पकड़े उसमें 99.9 फीसदी कोर्ट से निर्दोष

आतंकवाद के मुकदमा मे जितने भी नौजवान पकड़े उसमें 99.9 फीसदी कोर्ट से निर्दोष

आजमगढ़: राष्ट्रीय उलेमा कौंसिल ने उत्तर प्रदेश एटीएस द्वारा अरैस्ट किए गए आईएसआईएस के आतंकवादी सबाउद्दीन को कानूनी सहायता देने का निर्णय किया है सबाउद्दीन के परिवार से मिलने के बाद उलेमा कौंसिल के नेताओं ने उसे निर्दाेष करार दिया है नेताओं ने बोला कि आजमगढ़ को एक बार फिर बदनाम करने के लिए प्रोपोगंडा फैलाया जा रहा है उन्होने एसआईटी गठित कर जांच की मांग की है राष्ट्रीय उलेमा कौंसिल इसके पूर्व भी आतंकवादियों को निर्दाेष साबित करने के लिए कानूनी सहायता मौजूद भी करा चुकी है

बता दें कि 03 अगस्त 2022 को उत्तर प्रदेश एटीएस ने मुबारकपुर कस्बा के अमिलो मुहल्ला निवासी सबाउद्दीन को अरैस्ट किया था एटीएस के अनुसार सबाउद्दीन आईएआईएस का आतंकवादी है उसने स्वतंत्रता दिवस पर राष्ट्र में बड़े धमाकों की षड्यंत्र रची थी अब इस मुद्दे में राष्ट्रीय उलेमा कौंसिल कूद पड़ी है उलेमा कौंसिल का एक प्रतिनिधिमंडल राष्ट्रीय अध्यक्ष मौलाना आमिर रशादी के पुत्र होजैफा आमिर रशादी के नेतृत्व में सबाउद्दीन के घर पहुंचा था

अलीगढ़ मुसलमान यूनिवर्सिटी के विद्यार्थी नेता होजैफा आमिर रशादी
होजैफा आमिर रशादी अलीगढ़ मुसलमान यूनिवर्सिटी के विद्यार्थी नेता है, साथ ही उन्होने आजमगढ़ जिले से अभी हाल ही में सम्पन्न हुए विधानसभा में चुनाव में राष्ट्रीय उलेमा कौंसिल से चुनाव भी लड़ चुके हैं प्रतिनिधिमंडल में शामिल नेता परिवार के लोगों से वार्ता की उन्हें कानूनी सहायता मौजूद कराने का आश्वासन दिया राष्ट्रीय उलेमा कौसिल के युवा प्रदेश अध्यक्ष नुरूल हुदा ने मुलाकात के बाद बोला कि परिजनो और परिचितों और मोहल्ले के लोगों से बात हुई है उससे सबाउद्दीन निर्दोष है

उन्होंने बोला कि यह आजमगढ़ को बदनाम करने के लिए एक प्रोपोगंडा है जिस तरह से साल 2008 मे बटला हाउस काण्ड में कांग्रेस पार्टी गवर्नमेंट और एटीएस की मिली भगत से आजमगढ़ को आतंकगढ़ तक बोला गया

आतंकवाद के मुकदमा मे जितने भी नौजवान पकड़े उसमें 99.9 फीसदी कोर्ट से निर्दोष
नुरूल हुदा ने दावा किया आतंकवाद के मुकदमा मे जितने भी नौजवान पकड़े गए उसमें से 99.9 फीसदी न्यायालय से बेगुनाह साबित होकर बरी हुए उन्होंने बोला कि पार्टी का मानना है कि पहले इसकी जांच होनी चाहिए थी, लेकिन उसे आतंकवादी ठहरा दिया गया एटीएस ने तीन अगस्त को सबाउददीन को घर से उठाया, लेकिन कोई वीडियाग्राफी नहीं हुई और नौ अगस्त को गिरफ्तारी दिखाई जा रही है कही न कहीं दाल में कुछ काला है उन्होने बोला कि कौंसिल यह चाहती है एक एसआईटी का गठन किया जाय और इसकी जांच की जाये