रोहित जोशी पर एक स्त्री ने बलात्कार करने की कम्पलेन दर्ज

रोहित जोशी  पर एक स्त्री ने बलात्कार  करने की कम्पलेन दर्ज

राजस्थान कांग्रेस पार्टी गवर्नमेंट के मंत्री महेश जोशी (Mahesh Joshi) के पुत्र रोहित जोशी (Rohit Joshi) पर एक स्त्री ने बलात्कार (Rape) करने की कम्पलेन दर्ज कराई है लेकिन, गवर्नमेंट के ग्रामीण विकास एवं पंचायत राज मंत्री रमेश चंद मीणा (Ramesh Chand Meena) मंत्री के पुत्र के बचाव में उतरते हुए नजर आए मंत्री रमेश मीणा ने बोला कि पहले तो वो लोग सहमति से घूम रहे थे, बाद में उनके बीच बात बिगड़ गई सवाई माधोपुर, दिल्ली जाने कहां-कहां घूमते रहे, अचानक रेपिस्ट की बात बन गई

मंत्री रमेश चंद मीणा ने कही ये बात 
मंत्री रमेश चंद मीणा ने बोला कि, पहले तो काफी समय तक वो स्त्री रोहित जोशी के साथ कई जगहों पर घूमती रही थी मगर बाद में बात बिगड़ गई और फिर बलात्कार की बात आ गई पुलिस पूरे मुद्दे की जांच कर रही है और सच्चाई सामने आ जाएगी क्योंकि ये कोई एक दिन का मामला तो है नहीं, जैसा कि सभी ने अखबारों में पढ़ा है कि काफी समय से साथ रह रहे थे

किरोड़ी लाल मीणा पर भड़के मंत्री 
मंत्री रमेश चंद्र मीणा ने किरोड़ी लाल मीणा पर आरोप लगाते हुए बोला कि किरोड़ी लाल मीणा के विरूद्ध क्राइम प्रमाणित हो चुके हैं किरोड़ी लाल मीणा कानून के लिए वांटेड क्रिमिनल हैं जब किरोड़ी लाल मीणा कानून की इतनी अच्छी बात करते हैं तो पुलिस के आगे सरेंडर क्यों नहीं कर रहे हैं वो स्वयं कानून का उल्लंघन कर रहे हैं, उनके पास न्यूसेंस करने के अतिरिक्त और काम भी क्या है

बीजेपी नेता प्रदेश में करा रहे हैं दंगा 
मेश चंद्र मीणा ने ये भी बोला कि, भाजपा नेता प्रदेश में दंगा करा रहे हैं, अफवाह फैलाने और लोगों को आपस में लड़ाने का काम कर रहे हैं प्रदेश की शांति व्यवस्था को ठप करने के पीछे भाजपा का षड्यंत्र चल रहा है भाजपा के नेताओं को प्रदेश के विकास की बात करनी चाहिए मगर ऐसा नहीं हो रहा है रमेश मीणा ने बोला भरतपुर में मिलावट का खेल चल रहा है समय-समय पर नमूने लेकर कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए हैं 


सरकारी अस्पताल की बड़ी लापरवाही, 9 महीने के मासूम दुर्लभ रोग से ग्रसित

सरकारी अस्पताल की बड़ी लापरवाही,  9 महीने के मासूम दुर्लभ रोग से ग्रसित

Samastipur: समस्तीपुर के सरकारी हॉस्पिटल से एक बड़ी ढिलाई का मामला सामने आया है जन्म के समय ठीक ट्रीटमेंट ना मिलने की वजह से बच्चा सेवरल पल्सी रोग से ग्रसित हो गया वहीं, बच्चे के परिजन चिकित्सक को दोषी मान रहे हैं साथ ही, वह चिकित्सक पर कार्रवाई और बेटे के उपचार की मांग कर रहे हैं वहीं, सिविल सर्जन इस मुद्दे अलग-अगल दे  दलील

वहीं, बच्चे के माता-पिता का बोलना है कि 24 अप्रैल 2021 को विभूतिपुर पीएचसी हॉस्पिटल में अभिनंदन का जन्म हुआ था जन्म के समय बच्चे को किसी भी तरह की कोई कठिनाई नहीं थी चिकित्सक ने उसे स्वस्थ्य होने की बात कहकर हॉस्पिटल से डिस्चार्ज कर दिया था 

लेकिन कुछ महीने बीतने के बाद जब अभिनंदन ने उठना-बैठना प्रारम्भ नहीं किया तब उन लोगों ने उसका निजी हॉस्पिटल में उपचार कराना प्रारम्भ किया उपचार के दौरान चिकित्सक ने एमआरआई करने की राय दी एमआरआई रिपोर्ट में उन्हें जानकारी मिली कि, बच्चे के ब्रेन को प्रयाप्त मात्रा में ऑक्सीजन नहीं मिलने के कारण वह सीपी कैटेगरी में जा चुका है

परिजनों ने बताया कि अब तक बच्चे के उपचार में काफी रुपये खर्च हो चुके हैं, लेकिन अब वो बच्चे को बेहतर उपचार देने के लिए सक्षम नहीं हैं परिजन इस ढिलाई को लेकर डीएम से लेकर सीएस तक न्याय की गुहार लगा चुके है परिजन ने बताया कि सिविल सर्जन इसे ढिलाई नही मान रहे हैं,  एमआरआई रिपोर्ट को आधार नहीं मानते हुए वो इसे वंशानुगत रोग बता रहे हैं पीड़ित परिजन शासन और प्रशासन से बच्चे के समुचित उपचार के साथ दोषी डॉक्टर पर कार्रवाई की मांग कर रहे हैं

वहीं, इस मुद्दे पर सिविल सर्जन डॉ एस के चौधरी का बोलना है कि वो सिविल सर्जन के साथ साथ एक शिशु रोग जानकार भी है जहां तक इस बच्चे की रोग की बात है इस तरह की कठिनाई के लिए कुछ हद तक ऑक्सीजन की कमी को बताया जा सकता है, लेकिन इसके अन्य कारण भी होते हैं जैसे- डिलीवरी में किसी तरह की कठिनाई या लेट होने की वजह से सिवरल पल्सी जैसी रोग होती है जहां तक ऑक्सीजन की कमी की बात है, हमारे किसी भी सरकारी हॉस्पिटल में ऑक्सीजन की कोई किल्लत नहीं है हालांकि, मुख्यमंत्री ने बच्चे के उपचार के लिए हर 
संभव सहायता का भरोसा जरूर दिया है

सरकारी हॉस्पिटल में बच्चे के जन्म के बाद इस तरह की गंभीर रोग से ग्रसित होने के आरोप को लेकर चाहे डॉक्टर जिम्मेवार हो या कोई अन्य कारण हो, लेकिन बड़ा प्रश्न यह है कि इस मासूम बच्चे के उपचार के लिये स्वास्थ्य विभाग अब कितना संवेदनशील होता है आवश्यकता है कमियों को ढ़कने के बजाय इस मासूम को समुचित उपचार उपलब्ध कराने की ताकि अभिनंदन भी अन्य बच्चों कि तरह बेहतर जीवन जी सके